सिंधी हास्य नाटक के बैनर का विमोचन
सिंधी कल्चरल सोसायटी के तत्वावधान में 22 सितम्बर को टाउन हॉल में आयोज्य सिंधी नाटक पीउ हैरानु पुटु परेशानु
(बाप हैरान बेटा परेशान) के बैनर का विमोचन अशोक कृपलानी की अध्यक्षता में किया गया। इस नाटक के 100 से अधिक मंचन देश विदेश में हो चुके हैं, जिसका निर्देशन मुम्बई के वरिष्ठ रंगकर्मी नीरू असरानी ने किया है। राजस्थान सिंधी अकादमी, जयपुर के भी सहयोग इस आयोजन में है। सचिव ईश्वर मोरवानी भी कलाकारों को प्रोत्साहित करने जयपुर से विशेष रूप से पधारेंगे।
संयोजिका भारती धनवानी ने बताया इस नाटक में रोचक घटनाक्रम और सटीक व्यंग्य के माध्यम से हास्य की स्थितियों से दर्शकों को मनोरंजन के साथ साध ठहाके मारने को मजबूर करने वाले इस इस नाटक की अवधि लगभग 2 घंटे
20 मिनट है। इसमें दिखाया गया कि कैसे एक पिता को बेटे की फिक्र होती है और वह बहू ढूंढने के लिए किसी भी लड़की को पसंद करता-फिरता है। कई बार ऐसा भी हो जाता है कि वह बहू के चक्कर में अपने लिए गर्लफ्रेंड भी तलाशता रहता है।
इस मौके पर संस्थापक हरीश देवनानी, गोविंद करमचंदानी, राजेन्द्र खिलरानी, सचिव विजय भगतानी, जेठानन्द लालवानी, आरती मंगलानी,रश्मि देवनानी, विर्मल हेमनानी,कलावंती देवनानी, पूनम पंजवानी, सहित अनेक रंगकर्मी उपस्थित थे।
सिंधी कल्चरल सोसायटी के तत्वावधान में 22 सितम्बर को टाउन हॉल में आयोज्य सिंधी नाटक पीउ हैरानु पुटु परेशानु
(बाप हैरान बेटा परेशान) के बैनर का विमोचन अशोक कृपलानी की अध्यक्षता में किया गया। इस नाटक के 100 से अधिक मंचन देश विदेश में हो चुके हैं, जिसका निर्देशन मुम्बई के वरिष्ठ रंगकर्मी नीरू असरानी ने किया है। राजस्थान सिंधी अकादमी, जयपुर के भी सहयोग इस आयोजन में है। सचिव ईश्वर मोरवानी भी कलाकारों को प्रोत्साहित करने जयपुर से विशेष रूप से पधारेंगे।
संयोजिका भारती धनवानी ने बताया इस नाटक में रोचक घटनाक्रम और सटीक व्यंग्य के माध्यम से हास्य की स्थितियों से दर्शकों को मनोरंजन के साथ साध ठहाके मारने को मजबूर करने वाले इस इस नाटक की अवधि लगभग 2 घंटे
20 मिनट है। इसमें दिखाया गया कि कैसे एक पिता को बेटे की फिक्र होती है और वह बहू ढूंढने के लिए किसी भी लड़की को पसंद करता-फिरता है। कई बार ऐसा भी हो जाता है कि वह बहू के चक्कर में अपने लिए गर्लफ्रेंड भी तलाशता रहता है।
इस मौके पर संस्थापक हरीश देवनानी, गोविंद करमचंदानी, राजेन्द्र खिलरानी, सचिव विजय भगतानी, जेठानन्द लालवानी, आरती मंगलानी,रश्मि देवनानी, विर्मल हेमनानी,कलावंती देवनानी, पूनम पंजवानी, सहित अनेक रंगकर्मी उपस्थित थे।

No comments:
Post a Comment